राँची : आजसू पार्टी ने एक अहम प्रेस वार्ता के माध्यम से खुलासा किया है कि पार्टी प्रमुख एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री सुदेश महतो उग्रवादियों की हिटलिस्ट में शामिल हैं। पार्टी ने इस मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग की है और आरोप लगाया है कि राज्य सरकार सुदेश महतो की सुरक्षा को लेकर गंभीर नहीं है।
पार्टी के केंद्रीय उपाध्यक्ष प्रवीण प्रभाकर और हसन अंसारी ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि बार-बार सुदेश महतो की हत्या की साजिशों का खुलासा होने के बावजूद पुलिस अब तक इसकी तह तक नहीं पहुंच पाई है। उन्होंने बताया कि हाल ही में गुमला जिले के कामडारा थाना क्षेत्र में मुठभेड़ में मारे गए उग्रवादी मार्टिन केरकेट्टा ने भी सुदेश महतो को अपनी हिटलिस्ट में रखा था और 2023 में अनगड़ा थाना क्षेत्र में हमले की योजना बनाई थी।
नेताओं ने आरोप लगाया कि इससे पहले एक राजनेता द्वारा सुदेश महतो की हत्या के लिए उग्रवादियों को 5 करोड़ रुपये की सुपारी दिए जाने की बात सामने आ चुकी है। 2005 से लेकर 2014 तक कई बार हमलों की साजिशें रची गईं, जिनमें सिल्ली, जोन्हा और अनगड़ा जैसे क्षेत्रों में समय-समय पर बम विस्फोट या अन्य हमले की कोशिशें हुईं, जिन्हें पुलिस और ग्रामीणों की सतर्कता ने नाकाम किया।
प्रेस वार्ता में यह भी बताया गया कि 2014 में पार्टी के केंद्रीय महासचिव स्वर्गीय तिलेश्वर साहु की पीएलएफआई उग्रवादियों ने हत्या कर दी थी। इसके साथ ही, पूर्व मंत्री एवं पार्टी के प्रधान महासचिव रामचंद्र सहिस की सुरक्षा वापस ले ली गई है, जिसे तत्काल बहाल करने की मांग की गई।
आजसू नेताओं ने कहा कि जल्द ही पार्टी प्रतिनिधिमंडल राज्य के मुख्य सचिव, गृह सचिव और डीजीपी से मिलकर ज्ञापन सौंपेगा ताकि सुदेश महतो की सुरक्षा की समीक्षा और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जा सके।
प्रेस वार्ता में मीडिया संयोजक परवाज खान भी उपस्थित थे।

